CHURCH AT EL-SHADDAIR.K. Puram · Secunderabad, India

SIYON KE GEET · SONG 256

ईश्वर का ओ मेम्ना

eeshvar ka o memna

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(यशायाह 53)
ईश्वर का ओ मेम्ना, तू चढ़ा था क्रूस के ऊपर;मैं बखानूं तेरी प्रीत, मेरा प्यारा यीशु प्रभु ।।
1.मैं ने सोचा यहूदियों ने, उस युग के मारा तुझे;लेकिन तू मारा गया, मेरे पापों की माफी के लिए ।
2.अपराधों से छेदा गया, ओ मेरे ख्रिस्त यीशु प्रभु;मेरे सारे पापों के कारण, तू कुचला गया प्रभु ।
3.कोमल था तेरा वह सिर, काँटों से वह छेदा गया;घायल हुआ मेरा प्रीतम, बना कुरुप तू काँटों से ।
4.घीरज से, प्रभु मेरे, रोगों को उठाता था;अपने को नकारा प्रभु, अर्पण किया जीवन तू ।
5.दुःखी पुरुष तू बना, दर्द भरे जो दिल के थे;शान्त तू रहकर हे प्रभु, मरते समय मुँह न खोला ।
6.मैं जग में जब मुर्दा था, अपराधों और पापों से;बदले में मरा तू प्रभु, ताकि जीवन मैं पाऊँ ।
7.वापस गया स्वर्ग में प्रभु, बाट तेरी मैं जोहता हूँ;तेरे आने की बाट जोहके, गाता रहूँगा हल्लेलूयाह ।

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