‘‘उस समय में मसीह से अलग... आशाहीन... थे,पर अब... मसीह के लोहू के द्वारा निकट किए गए हो ।’’(इफिसियों 2:12, 13)
यीशु बिन पापी का नहीं है ठिकाना ।।(2)
1.दुनिया है दो दिन का ठिकाना,सदा किसे नहीं रहना, आ... आ...भूला फिरे फिर क्यों तू जगत में,(2)सोच जरा कहाँ जाना;फिर आखिर तुझ को जाना ।
2.तू ने जगत में पाप कमाया, पाप में वक्त गंवाया, आ... आ...ईश्वर को बिसराया तू ने,शक्ल को अपनी बिगाडा, फिर आखिर तुझ को जाना ।
3.ख्रिस्त यीशु ने सूली चढ़ के, पापी को आन बचाया, आ... आ...संकट सह के लोहू बहाया,पाप का डंक मिटाया, फिर आखिर तुझ को जाना ।
4.ख्रिस्त सदा मन में है मोरे, पापी प्यारे आ जा, आ... आ...लावे जो विश्वास तू उस पर,होगा वह तेरा सहारा, फिर आखिर तुझ को जाना ।