‘‘... यह उस की देह है ।’’ (इफिसियों 1:23)
कलीसिया ख्रिस्त यीषु का शरीर है,उस में जुटते जो उस के वे अंग है ।।
1.आत्मा के द्वारा ईश्वर का जो मन्दिर,बनता जा रहा है पवित्र आत्मा से;स्थिर वे रहेंगे सदा, उस में बने रहते हैं।
2.छिपा हुआ था परमेश्वर का संकल्प जो,कलीसिया के द्वारा प्रगट किया;जो कोई विश्वास करें धन्य वे ही होते है ।
3.परमेश्वर को ख्रिस्त यीशु ही के द्वारा से,महिमा होती रहे पीढ़ी पीढ़ी तक;महिमा उसकी जो करें, वे ही मीरास होते हैं ।
4.ख्रिस्त यीशु जब मण्डली बनाता है,न होंगे प्रबल, अधोलोक के द्वार;जो जय पाते हैं, साथ उस के रहेंगे ।
5.अपनी दुल्हिन को लेने मसीह आता है,जो शुद्ध हैं उन को उठा ले जाएगा;उठाए वे जाएँगे, जो तैयार अब है ।